अफवाह थी कि😞 मेरी तबियत खराब है लोगों ने पूछ पूछकर बीमार के दिया😙

अब कहाँ ढूंढने जाओगे हमारे🤫 कातिल आप तो क़त्ल का इल्जाम हमी पर रख दो😎

धोखे की खासियत क्या होती है, देने वाला अक्सर कोई अपना ही होता है

नज़रें कमज़ोर हो चुकी हैं तुम्हें अब नज़दीक आना होगा!!😒👄

😒आज वादा है उसके आने का, आज अटकी है जान दस्तक पर।☺

मुझे तन्हाई की 😔आदत हो गयी है इतने वक्त तुम्हारे बिन रहा हूँ😗

मैं इस लिए भी 😔तुम्हारे क़रीब आता नहीं फिर उस के बा'द मुझे दूर जाना पड़ता है😞

Nobody cares about your story until you win, so win.

अब भी बरसात की रातों में बदन तूटता है जाग उठती है अजब ख्वाहिशे अंगडाइ की😙

मस्तिये शौक़ में आ इश्क़ दोबारा कर लें टूट के चाहें तुझे और किनारा कर लें😙

अजनबी ख़्वाहिशें सीने में दबा भी न सकूँ ऐसे ज़िद्दी हैं परिंदे कि उड़ा भी न सकूँ😙

न हारा है इश्क़ और न दुनिया थकी है दिया जल रहा है हवा चल रही है 😌

हवा के साथ उड़ गया घर इस परिंदे का कैसे बना था घोसला वो तूफान क्या जाने..!!😌😚

सहर की नूर-मिजाजी सुपुर्द-ए-शाम हुई ये मुख्तसर सी कहानी चलो तमाम हुई😎

फूँक डालूँगा किसी रोज़ मैं दिल की दुनिया ये तिरा ख़त तो नहीं है कि जिला भी न सकूँ😍

फूँक डालूँगा किसी रोज़ मैं दिल की दुनिया ये तिरा ख़त तो नहीं है कि जिला भी न सकूँ😍